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कुख्यात संदीप यादव के इशारे पर की गई थी नई बाजार में व्यवसाई के बंद दुकान पर गोलीबारी, पांच गिरफ्तार..



एक्सप्रेस न्यूज़, बक्सर: बक्सर के नई बाजार में 7 मार्च को घटित गोलीबारी की घटना का पुलिस ने उद्भेदन कर लिया है. बताते चले कि बीते 7 मार्च को नई बाजार में रमेश केसरी की बंद दुकान पर पल्सर बाइक पर सवार अज्ञात तीन अपराधियों के द्वारा ताबड़तोड़ गोलीबारी कर दहशत कायम कर दी गई थी. सुबह-सुबह ही अपराधियों के द्वारा रमेश केशरी के बंद दुकान पर ताबड़तोड़ 7 राउंड फायरिंग की गई थी. जिसमें पुलिस के द्वारा घटनास्थल से 7 खोखा भी बरामद किया गया था. मामले में पुलिस के द्वारा नगर थाने में अज्ञात अपराधियों के विरुद्ध कांड संख्या 142/21 दर्ज की गई थी.

इस कांड के उद्भेदन के लिए अनुमंडल पदाधिकारी सदर गोरख राम के नेतृत्व में  नगर पुलिस निरीक्षक, डीआईयू प्रभारी बक्सर  एवं नगर थानाध्यक्ष रंजीत कुमार को शामिल करते हुए एक टीम का गठन किया गयाऔर ताबड़तोड़ छापेमारी शुरू की गई. इसी बीच गठित टीम को गुप्त सूचना प्राप्त हुई कि नई बाजार में गोलीबारी की घटना को अंजाम देने वाले अपराध कर्मी किसी घटना को अंजाम देने के लिए नगर के श्मशान घाट के समीप एकत्रित हुए हैं. जैसे ही पुलिस निरीक्षक बक्सर को इस बात की जानकारी प्राप्त हुई तत्काल ही वह छापेमारी दल के अन्य सदस्यों के साथ मिलकर त्वरित कार्रवाई करते हुए गुप्त सूचना में बताए गए स्थान छापेमारी किए.  जहां से पुलिस टीम को अनिल कुमार उर्फ बिट्टू, रोहित कुमार उर्फ पिल्लू, रूपेश कुमार उर्फ काजू को हथियार एवं गोली के साथ गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त हुई. गिरफ्तार अपराधियों को थाने लाने के पश्चात पुलिस के द्वारा कांड संख्या 147/21 आर्म्स एक्ट का मामला दर्ज किया गया.


गिरफ्तार अपराधियों से जब पुलिस ने पूछताछ शुरू की तो अनिल कुमार उर्फ बिट्टू के द्वारा पूछताछ के क्रम में अपना अपराध स्वीकार करते हुए बताया गया कि रमेश केशरी के किराना दुकान पर नई बाजार में जेल में बंद कुख्यात संदीप यादव के इशारे पर आगामी पंचायत चुनाव में दहशत कायम करने एवं रंगदारी वसूलने के नियत से गोलीबारी की गई थी. गिरफ्तार अपराधी ने यह स्वीकार किया कि उसने ही इस घटना में पल्सर बाइक को चलाया था एवं दिलजले तथा सत्यम कुमार सिंह के द्वारा बंद दुकान पर गोली चलाई गई थी.


उनके ही निशानदेही पर पुलिस के द्वारा छापेमारी कर उनके गिरोह में सम्मिलित दो अन्य लोगों को भी गिरफ्तार किया गया. जो अपराधियों को वारदात को अंजाम देने के बाद पनाह देने एवं सहयोग करने का कार्य करते थे. जिनका नाम सुजीत कुमार पिता मनोज कुमार साकिन चौसा बाजार, मनु कुमार यादव पिता सुरेंद्र यादव उर्फ ठेकेदार साकिन गोविनापुर बताया जा रहा है. 


पुलिस अधीक्षक नीरज कुमार सिंह ने पत्रकारों को संबोधित करते हुए बताया कि गिरफ्तार अपराधियों का अपराधिक इतिहास खंगाला गया तो सुजीत कुमार पूर्व में 3 कांडों में नामजद है. जिसमें सोनामती गैस एजेंसी में लूट कांड मामले में वह जेल जा चुका है. अनिल कुमार और बिट्टु 1 साल पूर्व सेंट्रल जेल पर फायरिंग के आरोप में नामजद है. रोहित कुमार उर्फ पिल्लू भी सेंट्रल जेल पर फायरिंग करने के मामले में नामजद है. अनिल कुमार उर्फ रुपेश वर्मा शराब बेचने के आरोप में जेल जा चुका है.



उन्होंने बताया कि एक बड़ी चुनौती को स्वीकार करते हुए पुलिस के द्वारा 10 घंटे के अंदर अपराधियों को गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त कर ली गई. उन्होंने बताया कि जिस तरह से अपराधियों के द्वारा ताबड़तोड़ गोलीबारी की गई थी. उसी तरह पुलिस के द्वारा ताबड़तोड़ छापेमारी कर अपराधियों को गिरफ्तार कर लिया गया.  अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी बक्सर व डीआईयू प्रभारी बक्सर के नेतृत्व में गठित टीम के द्वारा गोलीबारी की घटना को  अंजाम देने वाले अपराधियों का उद्भेदन  किया गया. उन्होंने बताया कि घटना को अंजाम देते वक्त अपराधी के द्वारा जिस कपड़ा को पहनकर इस घटना को अंजाम दिया गया था. उस कपड़े को तथा हथियार को भी बरामद किया गया है. साथ ही साथ उन्होंने बताया कि कुछ अन्य अपराध कर्मी जो इन्हें पर्दे के पीछे से सहयोग कर रहे थे उनकी भी गिरफ्तारी की गई है. लेकिन, घटना को अंजाम देने वक्त जिन दो अपराधियों के द्वारा गोलीबारी की गई थी. उन्हें गिरफ्तार करने में पुलिस को भी सफलता प्राप्त नहीं हो सकी है. वह पूर्व के अन्य कांडों में भी वांछित है. जल्द से जल्द उन्हें गिरफ्तार करने का प्रयास पुलिस के द्वारा किया जा रहा है.  उन्होंने कहा कि ऐसा नहीं है कि अपराधियों का मनोबल नहीं घटा है. लेकिन, कुछ लोग हैं जिनके विरुद्ध पुलिस गंभीरता से सोच रही है तथा उनके विरुद्ध साक्ष्य जुटा रही है. साक्ष्य एकत्रित होने के पश्चात पुलिस उनके  विरुद्ध विधि सम्मत कार्रवाई करेगी. उनका भी मनोबल घटेगा. अपराधियों का स्थान जहां है वहां भेजने का कार्य पुलिस के द्वारा की जाएगी. जेल में बंद अपराधियों के ऊपर भी पुलिस के द्वारा नजर रखा जा रहा है.


एसपी ने कहा कि घटना के उद्भेदन में सम्मिलित पुलिसकर्मियों को पुरस्कृत किया जाएगा. छापेमारी टीम में अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी सदर गोरख राम, पुलिस निरीक्षक नगर मुकेश कुमार, डीआईयू प्रभारी बक्सर उदय प्रताप सिंह, डीआईयू टीम के पुलिस अवर निरीक्षक राजेश मालाकार, पुलिस अवर निरीक्षक अमित कुमार, पुलिस अवर निरीक्षक नगर थानाध्यक्ष रंजीत कुमार, पुलिस अवर निरीक्षक युसूफ अंसारी, पुलिस अवर निरीक्षक सुनील कुमार निर्झर, पुलिस अवर निरीक्षक नीतू प्रिया महिला थानाध्यक्ष बक्सर, पुलिस अवर निरीक्षक रजनीश कुमार रंजन, पुलिस अवर निरीक्षक थानाध्यक्ष अनुसूचित जाति- जनजाति संजीव कुमार शामिल रहे.


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