Skip to main content

डुमरांव में पुलिस ने चलाया सघन वाहन जांच अभियान ₹14000 का वसूला जुर्माना..

एक्सप्रेस न्यूज़, बक्सर: डुमराव पुलिस के द्वारा थाने के समीप वाहन जांच अभियान चलाए जाने से  यातायात नियमों का उल्लंघन कर वाहन संचालित करने वाले दुपहिया वाहन संचालकों में हड़कंप का माहौल उत्पन्न हो गया. वाहन जांच अभियान चलाए जाने के दौरान  पुलिस के द्वारा  उस रास्ते से गुजरने वाले  सभी दुपहिया वाहनों को बारी बारी से रोक कर वाहनों के कागजात, हेलमेट, ड्राइविंगललाइसेंस, इंश्योरेंस व प्रदूषण का जांच किया गया. जिसमें किसी भी प्रकार की त्रुटि पाए जाने पर वाहन चालकों से जुर्माना राशि वसूली गई. डुमरांव थानाध्यक्ष संतोष कुमार के नेतृत्व में चलाए गए इस वाहन जांच अभियान में पुलिस के द्वारा नियम कानून को ताक पर रखकर  वाहन संचालित  करने वाले 110 वाहन चालकों को रोक कर उनके कागजात वगैरह की जांच की गई है. जिसमें पुलिस के द्वारा  ₹14000 का जुर्माना राशि 21 वाहनों के विरूद्ध वसूला गया है. वाहन जांच अभियान के दौरान सभी वाहनों के कागजातों की जांच पड़ताल की गई. जिसमें 21 वाहन चालकों के कागजात वगैरह सही नहीं होने पर एमवी एक्ट के तहत जुर्माना राशि वसूली गई.

इस बाबत जानकारी देते हुए डुमरांव थानाध्यक्ष संतोष कुमार ने बताया कि, पुलिस के द्वारा यातायात नियमों का उल्लंघन कर वाहन संचालित करने वाले लोगों के विरुद्ध वाहन जांच अभियान चलाई गई. जिसमें 110 वाहन चालकों को रोककर उनके वाहनों का कागजात वगैरह जांच किया गया. जिन वाहन चालकों के कागजात वगैरा सही पाए गए उन्हें छोड़ दिया गया तथा जिन वाहन चालकों के कागजातों में त्रुटि पाई गई उनसे जुर्माना राशि वसूली गई. पुलिस के द्वारा 21 वाहन चालकों से ₹14000 की जुर्माना राशि आज के वाहन जांच अभियान में वसूली गई है.


Comments

Popular posts from this blog

साइबर सेल एवं बक्सर पुलिस को चुनौती देकर सोशल मीडिया पर हथियार प्रदर्शन करते वायरल हुआ युवकों का तस्वीर, जाँच में जुटी पुलिस..

- 6 जनवरी 2026 को औद्योगिक थाना में दी गई थी लिखित आवेदन। - पुलिस के गिरफ्त से आरोपित अब तक बहार पीड़ित पक्ष भयभीत। एक्सप्रेस न्यूज़, बक्सर: भारत में सार्वजनिक स्थानों पर सरकारी या गैर-सरकारी, बिना लाइसेंस वाले हथियारों का प्रदर्शन एक गंभीर दंडनीय अपराध है। यहां तक कि वैध लाइसेंस वाले हथियारों का सार्वजनिक रूप से प्रदर्शन (नुमाइश/ब्रांडिशिंग) करना भी सख्त वर्जित है। जो कि एक अपराध की श्रेणी में आता है। भारतीय शस्त्र अधिनियम, 1959 और शस्त्र नियम, 2016 इस पर सख्त प्रावधान लागू करते हैं। अवैध हथियार रखना या प्रदर्शन, बिना लाइसेंस के हथियार रखना, उपयोग करना या उनका सार्वजनिक प्रदर्शन करना एक दंडनीय अपराध है. जिसमें 3 साल से लेकर 7 साल तक की कैद और जुर्माना हो सकता है.  कुछ मामलों में आजीवन कारावास का भी प्रावधान है। यदि आपके पास वैध लाइसेंस है, तब भी आप सार्वजनिक रूप से हथियार की नुमाइश नहीं कर सकते। हथियार को एक निर्धारित होल्डर या कवर में, पूरी तरह से ढका हुआ रखना अनिवार्य है। जिस पर आपका प्रभावी नियंत्रण हो। सार्वजनिक स्थानों पर हवाई फायरिंग या हथियार चमकाना सख्त मना है।पुलिस ऐसे माम...

भाई के साथ कोचिंग जा रही किशोरी को अग़वा कर 3 लोगों ने किया गलत काम, पुलिस के तत्परता से तीनों आरोपी गिरफ्तार।

- मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने दिखाई तत्परता तीनों आरोपी गिरफ्तार। - भाई ने पुलिस के समक्ष दी पूरी घटना की जानकारी, पुलिस कर रही है पूछताछ। एक्सप्रेस न्यूज़, बक्सर:  घर से कोचिंग पढ़ने जा रही एक किशोरी को 3 लोगो ने रोक कर अग़वा कर लिया। उसके बाद उसे कुछ दुरी पर ले गए और एक झोपड़ी में उसके साथ गलत काम किए। जिस वक़्त यह घटना घटी किशोरी का भाई भी वहां मौजूद था। किशोरी का भाई उसे बाइक से कोचिंग ले जा रहा था। शनिवार सुबह 8 बजे कि यह घटना बताई जा रही है। बक्सर एसपी ने पूछने पर कहा कि मेडिकल जाँच के बाद आगे कि कार्रवाई होगी। फिलहाल पुलिस अपने स्तर से मामले कि जाँच कर रही है। सूत्रों के हवाले से प्राप्त जानकारी के मुताबिक तीनो आरोपी पुलिस के गिरफ्त में हैं। पुलिस उनसे पूछताछ कर रही है। घटना की सीमा दो थाना क्षेत्र में पड़ती है। किशोरी सुबह बाइक से अपने भाई के साथ कोचिंग जा रही थी तभी राह में दंगौली पुल के पास 3 युवकों ने मिलकर उनकी बाइक रोकी और इस घटना को अंजाम दिया।नावानगर थाना की सीमा में यह जगह आता है। तीनो आरोपी दूसरी बाइक पर बैठाकर कड़सर गांव के समीप एक सुनसान झोपड़ी में किशोरी क...

जिले में कानून व्यवस्था को झंकझोर देने वाले अहियापुर ट्रिपल मर्डर केस में मुख्य आरोपियों ने किया सरेंडर, रिमांड पर ले सकती है पुलिस..

-बढ़ते पुलिस दबाव एवं कुर्की जब्ती की तेज प्रक्रिया का हुआ असर.  -पूर्व में भी दो नामजद कर चुके हैं न्यायलय में आत्मसमर्पण. एक्सप्रेस न्यूज़, बक्सर: राजपुर थाना क्षेत्र के अहियापुर में हुए ट्रिपल मर्डर केस में फरार चल रहे मुख्य आरोपियों ने न्यायालय में सोमवार को आत्मसमर्पण कर दिया है. राजपुर थानाध्यक्ष ज्ञान प्रकाश सिंह से मिली जानकारी के मुताबिक न्यायालय में आत्मसमर्पण करने वालों में बटेश्वर यादव, मनोज यादव संजय उर्फ संतोष यादव शामिल हैं. बताते चले कि इस हत्याकांड में आरोपी महेंद्र यादव व सलीम अंसारी पूर्व में हीं न्यायलय में आत्म समर्पण कर चुके हैं. जिनको पुलिस के द्वारा रिमांड पर लेकर पूछताछ करने हेतु न्यायालय में अर्जी भी दिया जा चुका है.   बता दे की अहियापुर गांव में अपराधियों के द्वारा एक ही परिवार के तीन लोगों को गोली मारकर मौत के घाट उतार दिया गया था. यह घटना बक्सर जिला समेत पूरे बिहार में चर्चा का विषय बन गया था और सुशासन की सरकार पर सवाल खड़ा कर रहा था. इस घटना ने  जिले के कानून व्यवस्था को झंकझोर कर रख दिया था.  इस घटना में प्राथमिक दर्ज होने के बाद ब...