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डुमराव व बक्सर में सीओ रह चुके बिहटा से निलंबित विजय कुमार सिंह के पैतृक आवास पर आर्थिक अपराध इकाई का छापा,सीओ ने अर्जित की है आय से 81% अधिक संपत्ति..



एक्सप्रेस न्यूज़, बक्सर: राज्य में भ्रष्ट अधिकारियों के खिलाफ लगातार कार्रवाई जारी है. आर्थिक अपराध इकाई के अलावा निगरानी की टीम भी इस ओर लगी है. इस क्रम में अवैध बालू उत्खनन एवं गैर कानूनी व्यापार के संबंध में आर्थिक अपराध इकाई ने कार्रवाई की है. शुक्रवार को सहकारिता विभाग के अधिकारी विजय कुमार सिंह के ठिकानों पर आर्थिक अपराध इकाई की टीम ने छापेमारी की है.


विजय कुमार सिंह पटना जिले के बिहटा में बतौर सीओ तैनात रहे हैं. इसके अलावा वह डुमरांव व बक्सर में भी अंचलाधिकारी के तौर पर कार्यरत रह चुके हैं. मूल रूप से भोजपुर (आरा) के रहने वाले हैं. आरा शहर से सटे अनाईठ गांव में इनका पैतृक घर है. विजय कुमार सिंह के खिलाफ अवैध तरीकों से संपत्ति अर्जित करने का आरोप है. ईओयू ने उनके खिलाफ प्राथमिक जांच की और आरोपों में सत्यता पाए जाने पर पहले 24 फरवरी को भ्रष्टाचार निरोध अधिनियम, 1988 यथा संशोधित 2018 की धारा 13(2), 13 (1)(b) के तहत आर्थिक अपराध थाना में कांड संख्या -09/2022 दर्ज की है.


1990 में मिली सरकारी नौकरी कई जगह पर रह चुके हैं अंचलाधिकारी:विजय कुमार सिंह अवर सेवा चयन परिषद से सीधे नियुक्त पदाधिकारी हैं. इनकी नियुक्ति 18 अप्रैल 1990 को हुई बिहटा के अलावा वह बक्सर तथा डुमराव और गया समेत कई जगहों पर अंचलाधिकारी के पद पर कार्यरत रह चुके हैं. फिलहाल वह निलंबित है. आय से अधिक मामले में प्राथमिकी दर्ज कर कार्रवाई की जा रही है. आगे की जांच में अवैध संपत्ति में और भी वृद्धि होने की संभावना जताई जा रही है.


बालू के अवैध खनन मामले में आर्थिक अपराध इकाई ने की है छापेमारी: बालू के अवैध खनन मामले में आर्थिक अपराध इकाई ने से निलंबित अंचलाधिकारी विजय कुमार सिंह के भोजपुर व पटना के ठिकानों पर छापेमारी करने के साथ ही साथ उनके आरा के पैतृक आवास में भी छापेमारी की है. जिसमें आय से 81% अधिक संपत्ति पाई गई है. बताया जा रहा है कि आय से अधिक पाई गई कुल संपत्ति करीब एक करोड़ ₹500000 से अधिक है. आर्थिक अपराध इकाई के अधिकारियों के अनुसार निलंबित सीओ ने काली कमाई से दानापुर बिहटा गोला रोड व चित्रकूट नगर में जमीन खरीदी है. सीओ के साथ उनकी पत्नी व अन्य स्वजनों के खातों में बड़ी राशि जमा पाई गई है. इसके अलावा वित्तीय संस्थानों में करीब ₹2195477 के निवेश के साथ से भी प्राप्त हुए हैं. आर्थिक अपराध इकाई की टीम ने डीएसपी के नेतृत्व में निलंबित सीओ के आरा के अनाइठ गांव स्थित पैतृक आवास और पटना के रूपसपुर थाना के गोला रोड स्थित आवास की तलाशी ली. इसमें सीओ के नाम से बिहटा में 8.45 लाख रुपए में खरीदी गई 6.25 डिसमिल आवासीय भूखंड की जानकारी भी प्राप्त हुई है. इसके अलावा पत्नी के नाम पर 1998 में दानापुर के चित्रकूट नगर में 4.68 डिसमिल के आवासीय भूखंड एवं दानापुर में शाहटोली में 438 वर्ग फिट के भूखंड और गोला रोड में एक कट्ठा में बने 18 लाख रुपए के आवासीय मकान की जानकारी प्राप्त हुई है. इन भूखंडों के निबंधन शुल्क के रूप में ₹95880 खर्च किए गए हैं. सूत्रों से प्राप्त जानकारी के मुताबिक अंचलाधिकारी के डुमराव एवं बक्सर के कार्यकाल की भी आर्थिक अपराध इकाई के द्वारा जांच पड़ताल की जाएगी.


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